गाजीपुर, 31 अक्टूबर हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला ने कहा कि एसआईआर (Special Summary Revision) को राजनीतिक दृष्टि से नहीं देखा जाना चाहिए। यह एक सामान्य प्रक्रिया है, जिसे देश में पहले भी कई बार अपनाया गया है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग एक संवैधानिक संस्था है, जो समय-समय पर एसआईआर की प्रक्रिया को लागू करती है ताकि देश का हर योग्य नागरिक मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज करा सके और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सहभागी बन सके।

राज्यपाल शुक्रवार को गाजीपुर के कैथी क्षेत्र स्थित एक महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। यह कार्यक्रम देश के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर आयोजित किया गया था।

अपने संबोधन में राज्यपाल ने सरदार पटेल के योगदान को याद करते हुए कहा कि देश की एकता और अखंडता को मजबूत करने में सरदार पटेल की भूमिका ऐतिहासिक रही है। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने न केवल देशी रियासतों को एक सूत्र में पिरोया बल्कि भारत को एक सशक्त राष्ट्र के रूप में स्थापित करने की नींव रखी।

राज्यपाल के आगमन पर कॉलेज प्रबंधन और स्थानीय लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत और सम्मान किया। इस दौरान बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, शिक्षण स्टाफ और आमजन उपस्थित रहे।
राज्यपाल के संबोधन के दौरान लोगों ने देश की लोकतांत्रिक परंपराओं को बनाए रखने और युवा पीढ़ी को मतदान के प्रति जागरूक करने का संकल्प भी लिया।













