गाजीपुर।जनपद में 15 वर्ष से अधिक पुराने दोपहिया और चारपहिया वाहनों के सुरक्षित निस्तारण के लिए स्थापित पूर्वांचल स्क्रैपिंग सेंटर का शुभारंभ शुक्रवार को जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने किया। यह केंद्र भारत सरकार की नीति के तहत स्थापित किया गया है, ताकि पुराने और अनुपयोगी वाहनों का पर्यावरण के अनुकूल निपटान हो सके तथा वाहन स्वामियों को उनके वाहनों का उचित मूल्य प्राप्त हो।

जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने कहा कि यह केंद्र जनपदवासियों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित होगा, क्योंकि अब किसी पुराने वाहन को सामान्य कबाड़ी को बेचने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने बताया कि अब वाहन मालिक अपने 15 साल से अधिक पुराने या विभागीय रूप से कबाड़ घोषित वाहन को इस स्क्रैपिंग सेंटर में लाकर उचित मूल्य और सरकारी मान्यता प्राप्त प्रमाणपत्र प्राप्त कर सकते हैं।
इस केंद्र पर वाहन स्क्रैप कराने पर कई प्रकार के लाभ भी मिलेंगे। यदि दो पहिया वाहन स्क्रैप कराया जाता है, तो मालिक को नए वाहन की खरीद पर लगभग ₹15,000 तक की छूट प्राप्त होगी, जिसमें डीलर डिस्काउंट, टैक्स छूट, रजिस्ट्रेशन फीस में रियायत और स्क्रैप मूल्य शामिल है। वहीं चार पहिया वाहन स्क्रैप कराने पर वाहन मालिक को लगभग ₹1 लाख रुपए तक की छूट मिलने की संभावना है।

जिलाधिकारी ने बताया कि कई लोग अपने कंडम वाहन घर पर ही खड़ा कर देते हैं, जिससे उस पर टैक्स बढ़ता रहता है। ऐसे वाहनों को यदि इस केंद्र पर स्क्रैप कराया जाए तो लगभग 75% टैक्स में छूट का लाभ भी प्राप्त किया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि पहले लोग अपने पुराने वाहन कबाड़ियों को बेच देते थे, जो कई बार वाहनों के चेसिस नंबर और कागजातों का गलत इस्तेमाल करते थे, जिससे वाहन स्वामी को कानूनी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। लेकिन अब इस अधिकृत स्क्रैपिंग सेंटर के खुलने से वाहन मालिकों को न केवल आर्थिक लाभ मिलेगा, बल्कि ऐसी सभी समस्याओं से भी निजात मिलेगी।
जिलाधिकारी ने सभी वाहन मालिकों से अपील की कि वे अपने पुराने और अनुपयोगी वाहनों को यहां लाकर स्क्रैप कराएं और स्वच्छ, सुरक्षित एवं प्रदूषणमुक्त भारत अभियान में सहयोग दें।













