गाज़ीपुर।जिले के लिए गर्व का क्षण महर्षि विश्वामित्र स्वशासी मेडिकल कॉलेज, गाजीपुर ने हॉस्पिटल मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम (HMIS) की रैंकिंग में पूरे उत्तर प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में पहला स्थान हासिल कर बड़ा कीर्तिमान स्थापित किया है। यह उपलब्धि गाजीपुर के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर मानी जा रही है।
नेशनल मेडिकल काउंसिल (NMC) की टीम द्वारा किए गए मूल्यांकन में ओपीडी, आईपीडी, फार्मेसी, ब्लड जांच, स्वच्छता, मरीजों को भोजन वितरण और प्रशासनिक पारदर्शिता जैसे कई मानकों पर सभी मेडिकल कॉलेजों की समीक्षा की गई थी। इस मूल्यांकन में गाजीपुर मेडिकल कॉलेज ने सभी श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए शीर्ष स्थान प्राप्त किया।
कॉलेज के प्राचार्य प्रो. आनंद मिश्रा और एचएमआईएस प्रबंधक शुभम राय ने बताया कि “यह सम्मान पूरे संस्थान के डॉक्टरों, नर्सों, सफाईकर्मियों और कर्मचारियों की मेहनत का परिणाम है। हमने साबित किया है कि सीमित संसाधनों के बावजूद टीमवर्क और समर्पण से उत्कृष्टता हासिल की जा सकती है।”

करीब चार वर्ष पूर्व जब प्रो. आनंद मिश्रा ने कॉलेज की कमान संभाली थी, तब संस्थान कई चुनौतियों का सामना कर रहा था। उनके नेतृत्व में न केवल अस्पताल प्रबंधन में पारदर्शिता आई बल्कि मरीजों को समय पर उपचार, स्वच्छता व्यवस्था और अनुशासन में भी उल्लेखनीय सुधार हुआ।
आज गाजीपुर मेडिकल कॉलेज प्रदेश के अग्रणी संस्थानों में शामिल है, जहां प्रतिमाह एक लाख से अधिक मरीज स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ ले रहे हैं। बेहतर प्रबंधन और सेवा भावना के चलते अस्पताल के प्रति मरीजों का भरोसा लगातार बढ़ा है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि यह उपलब्धि पूर्वांचल के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगी और गाजीपुर को राज्य के स्वास्थ्य मानचित्र पर एक नई पहचान दिलाएगी।













