अब तक 5800 लोगों की नेत्र जाँच, 600 मरीजों का निःशुल्क ऑपरेशन सम्पन्न
गाजीपुर। एमएलसी विशाल सिंह ‘चंचल’ के सौजन्य से जनपद के कोने-कोने में निःशुल्क मोतियाबिंद जांच एवं ऑपरेशन शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। अब तक जिले के 11 ब्लॉकों – रेवतीपुर, सैदपुर, देवकली, विरनो, बाराचवर, कासिमाबाद, करंडा, सादात, मनिहारी, जमानिया और भदौरा – में यह सेवा पहुँच चुकी है।
इन शिविरों में उत्तर प्रदेश के प्रतिष्ठित आर.जे. शंकरा आई हॉस्पिटल की विशेषज्ञ चिकित्सक टीम द्वारा मरीजों की जांच और ऑपरेशन किए जा रहे हैं। अब तक लगभग 5800 लोगों की निःशुल्क नेत्र जाँच की गई है, जिनमें से 600 मरीजों का सफल मोतियाबिंद ऑपरेशन किया जा चुका है।
भदौरा ब्लॉक के गहमर स्थित हनुमान चबूतरा पर आयोजित कैंप में पूर्व विधायक सुनीता सिंह उपस्थित रहीं। सेवराई में जिला महामंत्री विष्णु सिंह, जमानिया ब्लॉक के बरुईन पकडितर और दाउदपुर पंचायत भवन में अमित नागवंशी, कासिमाबाद ब्लॉक के असना में जिला पंचायत सदस्य शैलेंद्र सिंह व महुआरी में अमित सिंह, मनिहारी ब्लॉक के सौरी ग्राम में शिवम दुबे, युसुफपुर खड़वा में प्रधान पंचम सिंह एवं संदीप सिंह, मधुबन में प्रधान संघ अध्यक्ष राकेश सिंह अंशु की उपस्थिति रही।
इसी क्रम में सादात ब्लॉक के वार्ड नं. 8 में सभासद घनश्याम सोनी और जगदीशपुर पंचायत भवन पर प्रधान मनीष सिंह, विरनो ब्लॉक के ब्लॉक सभागार में ब्लॉक प्रमुख राजन सिंह, बाराचवर के विवाह घर सभागार में ब्लॉक प्रमुख बिजेंद्र सिंह, देवकली ब्लॉक के चाडीपुर में प्रधान राय, बरहपुर पंचायत भवन पर प्रधान विजय सिंह सबलू, देवचंदपुर में दरोगा सोनकर, सैदपुर ब्लॉक के सिधौना पंचायत भवन पर प्रधान दयाशंकर सिंह दयालु, बहेरी व बेलहरी में आकाश सिंह व अतुल सिंह, डहन में पवन सिंह, करंडा ब्लॉक के मदनपुर प्रतापपुर मैरेज हॉल में गोलू सिंह, तथा रेवतीपुर ब्लॉक के उतरौली में पूर्व प्रधान अजय सिंह के नेतृत्व में शिविर सफलतापूर्वक सम्पन्न हुए।
रेवतीपुर ब्लॉक में आयोजित शिविर में ही 5400 लोगों की नेत्र जाँच की गई और 580 मरीजों का निःशुल्क ऑपरेशन हुआ। जनपदवासियों ने इस जनसेवा पहल के लिए एमएलसी विशाल सिंह ‘चंचल’ को आशीर्वाद देते हुए कहा कि “अब तक कोई जनप्रतिनिधि इस तरह व्यक्तिगत रूप से स्वास्थ्य की चिंता कर सेवा नहीं कर पाया।”
ज्ञात हो कि एमएलसी विशाल सिंह ‘चंचल’ अब तक लगभग 700 जरूरतमंदों को मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता भी दिला चुके हैं। उनकी यह पहल जनपद में स्वास्थ्य-जागरूकता और निःशुल्क चिकित्सा सेवा के क्षेत्र में एक मिसाल बन रही है।













